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औषधी दर्शन

अर्श कुठार रस: क्या आप हैं परेशान बवासीर से तो करें इसका सेवन और पायें बवासीर से हमेशा के लिए मुक्ति

अर्श कुठार रस का परिचय Introduction of ARSHA KUTHAR RAS

अर्श कुठार रस क्या होता हैं ?? What is Arsha kuthar ras ??

अर्श कुठार रस एक आयुर्वेदिक औषधि होती हैं| इस औषधि का मुख्य कार्य अर्श अर्थात बवासीर को खत्म करना होता हैं| बवासीर दो तरह की होती हैं सूखी बवासीर और खूनी बवासीर |यह दोनों ही प्रकार की बवासीर को खत्म करने में उपयोग में ली जाती हैं |

बवासीर को खत्म करने के साथ साथ यह ह्रदय और मस्तिष्क को प्रबल बनाती हैं | पाचन तंत्र को नियंत्रित करती हैं, शरीर से आम विष को निकलती हैं, मल त्याग के दौरान आ रही रूकावट को भी इस औषधि का सेवन करके दूर किया जा सकता हैं | इसमें लोह भस्म होने के कारण यह खून की कमी को भी पूरा करती हैं |

अर्श कुठार रस के घटक द्रव्य Contents of Arsha kuthar ras

  1. शुद्ध पारा
  2. शुद्ध गंधक
  3. लोह भस्म
  4. अभ्रक भस्म
  5. बेलगिरी
  6. चित्रकमूल
  7. कलिहारी
  8. सोंठ
  9. मिर्च
  10. पीपल
  11. पित्त्पापड़ा
  12. दंतीमूल
  13. सोहागे का फूल
  14. जावाखार
  15. सैंधा नमक
  16. गोमूत्र
  17. थूहर का दूध
Arsha kuthar ras contents herbal arcade
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बनाने की विधि How to make Arsha kuthar ras

इसे बनाने के लिए गोमूत्र और थूहर के दूध को छोड़कर सारी औषधियों को समान मात्रा में मिला लें| अब इन सारी औषधियों को खरल कर लें| खरल करने के बाद गोमूत्र में इसका पाचन करें| अब थूहर के दूध में इन सब को डाल कर मंद अग्नि पर पकाकर इनकी गोलियां बना लें| इन्हें सुखाने के बाद इसका उपयोग किया जा सकता हैं|

अर्श कुठार रस के फायदें और उपयोग Benefits of Arsha kuthar ras

बवासीर को खत्म करें

इस रोग में गुदा और मलाशय में उपस्थित नसों में सूजन और तनाव आ जाता हैं| इस कारण व्यक्ति को मल त्याग करने में बहुत परेशानी आती हैं| बवासीर मलाशय के बाहरी या अंदरूनी हिस्से में हो सकती हैं|

यह रोग मल त्याग के समय अधिक जोर लगाने या गर्भावस्था के दौरान गुदा की नसों में दबाव बढ़ने के कारण हो सकता हैं| लम्बे समय से कब्ज़ होना भी इसका ही एक कारण होता हैं|
बवासीर दो तरह की होती हैं सूखी और खूनी बवासीर | खूनी बवासीर में मल त्याग करते समय रक्त भी गिरता हैं और व्यक्ति को बहुत अधिक तकलीफ झेलनी पड़ती हैं| सूखी बवासीर में खून नही गिरता हैं परन्तु मल त्याग करने में परेशानी आती हैं और वात तथा कफ की प्रधानता रहती हैं|
यह औषधि मल त्याग में आ रहे अवरोध को खत्म करती हैं|यह मुख्य रूप से इसी समस्या के लिए बनायीं गयी औषधि हैं| इस औषधि का सेवन करने से बवासीर को जड़ से खत्म किया जा सकता हैं|

एनीमिया की समस्या का समाधान

इसका उपयोग करने से रक्त की कमी को भी पूरा किया जा सकता हैं| इस औषधि में लोह भस्म मिलायी जाती हैं जो मुख्य रूप से खून बढ़ाने का कार्य करती हैं| इसी कारण इसका उपयोग करने से खून में आई कमी दूर होती हैं और हिमोग्लोबिन का स्तर बढता हैं|

अर्श कुठार रस के फायदे herbal arcade
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ह्रदय और मस्तिष्क को मजबूती दें

इसमें अभ्रक भस्म मिली होती हैं जो की ह्रदय और मस्तिष्क को मजबूती प्रदान करती हैं| मुख्य बीमारी बवासीर को खत्म करने के साथ मिलने वाला यह एक महत्वपूर्ण फायदा हैं|

यकृत को बल प्रदान करें

यह औषधि बवासीर को तो खत्म करती हैं लेकिन इसके साथ भी यह यकृत को बल प्रदान करती हैं जिससे पाचन तंत्र मजबूत होता हैं| इसमें चित्रकमूल उपस्थित होने के कारण ही यकृत को भी बल मिल पाता हैं|

मल का शुद्धिकरण करें

इसे बनाने में गोमूत्र, दंतीमूल, थूहर का दूध उपयोग में लिया जाता हैं| यह तत्व मल त्याग के समय आ रहे अवरोध को समाप्त करते हैं जिससे बवासीर में फायदा मिलता हैं| इसके साथ ही इसके सेवन से पाचन में भी आसानी रहती हैं|

अर्श कुठार रस की सेवन विधि और प्रकार Doses of Arsha kuthar ras

  • 1 से 2 गोली का सेवन एक दिन में (सुबह) करना चाहिए|
  • इस औषधि को कुटजावलेह, गुलकंद या जल के साथ लेना चाहिए|

अर्श कुठार रस का सेवन करते समय रखी जाने वाली सावधानियाँ Precautions of Arsha kuthar ras

  • इस औषधि का सेवन गर्भवती महिलाओं को करने से पहले चिकित्सक की सलाह लेनी चाहिए|
  • औषधि को नमी से दूर रखना चाहिए|
  • औषधि का सेवन उचित मात्रा में ही करना चाहिए|

उपलब्धता Availability of Arsha kuthar ras

  • बैधनाथ अर्श कुठार रस (BAIDYANATH ARSHA KUTHAR RAS )
  • डाबर अर्श कुठार रस (DABUR ARSHA KUTHAR RAS )
  • ऊंझा अर्श कुठार रस (UNJHA ARSHA KUTHAR RAS )
  • साधना अर्श कुठार रस (SADHANA ARSHA KUTHAR RAS )
  • गुआफा अर्श कुठार रस (GUAPHA ARSHA KUTHAR RAS )

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